अन्य खबरेंगढ़वाल मंडल

विपक्ष ने देश की करोड़ों महिलाओं की आकांक्षाओं और अधिकारों के साथ अन्याय कियाः ऋतु खंडूड़ी भूषण

कोटद्वार। विधानसभा अध्यक्ष एवं कोटद्वार विधायक ऋतु खण्डूडी भूषण ने कोटद्वार-बद्रीनाथ मार्ग स्थित रैलीश रेस्टोरेंट में आयोजित एक महत्वपूर्ण प्रेस वार्ता को संबोधित किया। इस दौरान उन्होंने संसद में महिलाओं के अधिकारों से जुड़े नारी शक्ति वंदन अधिनियम को लागू करने से संबंधित हालिया घटनाक्रम पर विस्तार से अपनी बात रखी। प्रेस वार्ता में उन्होंने बताया कि 16 अप्रैल से संसद का विशेष सत्र प्रारंभ हुआ, जिसमें 131वां संविधान संशोधन विधेयक प्रस्तुत किया गया। इस विधेयक का मुख्य उद्देश्य वर्ष 2023 में पारित नारी शक्ति वंदन अधिनियम को प्रभावी रूप से लागू करने की दिशा में ठोस कदम उठाना था, ताकि देश की आधी आबादी महिलाओं को उनका उचित राजनीतिक प्रतिनिधित्व मिल सके।
उन्होंने आगे बताया कि इस संदर्भ में कुल तीन महत्वपूर्ण विधेयक सदन में लाए गए थे, जो महिलाओं को विधानसभाओं और लोकसभा में आरक्षण सुनिश्चित करने तथा अधिनियम के क्रियान्वयन की प्रक्रिया को स्पष्ट करने के लिए आवश्यक थे।
ऋतु खण्डूडी भूषण ने गहरी नाराजगी व्यक्त करते हुए कहा कि यह अत्यंत दुर्भाग्यपूर्ण है कि विपक्ष ने इन तीनों विधेयकों का विरोध करते हुए उन्हें सदन में गिरा दिया। उन्होंने कहा कि यह केवल एक राजनीतिक विरोध नहीं, बल्कि देश की करोड़ों महिलाओं की आकांक्षाओं और अधिकारों के साथ अन्याय है। उन्होंने कड़े शब्दों में कहा कि जब वर्ष 2023 में यह ऐतिहासिक अधिनियम पारित हुआ था, तब सभी दलों ने एकजुट होकर इसका समर्थन किया था। लेकिन आज वही विपक्ष महिलाओं को उनका हक दिलाने में बाधा बन रहा है, जो बेहद चिंताजनक और दुर्भाग्यपूर्ण है। उन्होंने यह भी कहा कि देश की लगभग 70 करोड़ महिलाएं इस अधिनियम से सीधे प्रभावित होती हैं और उन्हें सशक्त बनाने की दिशा में इस प्रकार का राजनीतिक विरोध कहीं न कहीं उनकी प्रगति को रोकने का प्रयास है।
ऋतु खण्डूडी भूषण ने स्पष्ट किया कि सरकार महिलाओं के सशक्तिकरण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है और भविष्य में इस अधिनियम को लागू कराने के लिए हर संभव प्रयास किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि महिलाओं को उनका अधिकार दिलाना केवल सरकार की जिम्मेदारी नहीं, बल्कि पूरे समाज और सभी राजनीतिक दलों का नैतिक कर्तव्य है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि जनता सब कुछ देख रही है और समय आने पर इसका उचित जवाब देगी। उन्होंने कहा कि महिलाओं के सम्मान और अधिकारों से जुड़े मुद्दों पर किसी भी प्रकार की राजनीति नहीं होनी चाहिए, बल्कि सभी को मिलकर इस दिशा में कार्य करना चाहिए।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button